Wednesday, August 2, 2017

मरने से पहले मैं जाऊं कर्बला मौला रज़ा

Marne se pahle mai jaao karbala maula raza

मदहा का हर लफ्ज़ करता है सना मौला रज़ा
हैं जहां में आला रुतबा आप का मौला रज़ा

आसमां वालों ने मेरी हौसला अफजा़ई की
नाम जब मैंने क़सीदे में लिया मौला रज़ा

शेर था क़ालीन पर, पाकर इशारा यह कहा
दो जहां में हुज्जते रब है मेरा मौला रज़ा

क्या कहूं मैं हाले दिल तकलीफ होती है बहुत
क़ौम का ईमां देखा तो दिल जला मौला रज़ा

ईल्तेजा करता हूं रब से आप के रोज़े पे यह
मरने से पहले मैं जाऊं कर्बला मौला रज़ा

दर हकी़क़त बादे काज़िम रहनुमाई के लिए
हम ग़रीबों का फक़त है आसरा मौला रज़ा

यह खुदा का शुक्र है कि आपके अक़वाल से
रास्ता ज़ीशान को हक़ का मिला मौला रज़ा

✍ ज़ीशान आज़मी

مدح کا ہر لفظ کرتا ہے ثنا مولا رضا
ہے جہاں میں اعلی رتبہ آپ کا مولا رضا

آسماں والو نے میری حوصلہ آفزائی کی
نام جب میں نے قصیدے میں لیا مولا رضا

شیر تھا قالین پر پاکر اشارہ یہ کہا
دو جہاں میں حجّتِ رب ہے مرا مولا رضا

کیا کہوں میں حالِ دل تکلیف ہوتی ہے بہت
قوم کا ایماں دیکھا دل جلا مولا رضا

التجا کرتا ہوں رب سے آپ کے روضہ پہ یہ
مرنے سے پہلے میں جاؤں کربلا مولا رضا

در حقیقت بعدِ کاظم رہنمائی کے لئے
ہم غریبوں کا فقط ہے آسرا مولا رضا

یہ خدا کا شکر ہے کہ آپ کے اقوال سے
راستہ ذیشان کو حق کا ملا مولا رضا

✍ ذیشان آعظمی

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