Sunday, May 19, 2019

Aaj bhi batil ke dil me aap ka hai dar Hasan (as)

हर मुसलमां    के हैं मौला,  सिब्ते पैगंबर हसन
दो     जहां के   वास्ते हैं    दूसरे    रहबर हसन

देखिए कितनी   मुबारक    है विलादत आपकी
देता है हर एक फरिश्ता तहनियत आकर हसन

कर्बला होती   ना होता   नाम   का कोई यज़ीद
ग़ैज़ में   तलवार    हाथों में   उठाते    गर हसन

सुल्ह नामे    में हकीकत  वह लिखी   थी आपने
आज भी बातिल के दिल में आपका है डर हसन

मोमिनो के   लब पे होगी  मनक़बत हर दम मेरी
मदख़ां ज़ीशान   है मेरा  यह  कह   दें गर हसन

✍ ज़ीशान आज़मी

ہر مسلماں کے  ہیں مولا    سبطِ پیغمبر حسن
دو جہاں کے واسطے   ہیں دوسرے رہبر حسن

دیکھئے   کتنی    مبارک    ہے ولادت    آپ کی
دیتا ہے    ہر اک     فرشتہ    تہنیت  آکر حسن

کربلا ہوتی   نہ ہوتا    نام    کا    کوئی   یزید
غیظ میں   تلوار ہاتھوں میں اٹھاتے  گر حسن

صلح نامہ   میں حقیقت وہ لکھی تھی آپ نے
آج بھی  باطل کے  دل میں آپ کا ہے  ڈر حسن

مومنوں   کے   لب  پہ ہوگی منقبت ہر دم مری
مدح خواں ذیشان ہے میرا یہ کہ دیں گر حسن

✍ ذیشان آعظمی

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